स्केटिंग कर युवाओं ने पूरी की धार्मिक यात्रा, स्वागत समारोह ने खड़े किए सियासी सवाल

महराजगंज । जिले के दो युवा स्केटर रितेश और शिवशंकर ने स्केटिंग के जरिए अयोध्या, खाटू श्याम, केदारनाथ, चार धाम और हरिद्वार की लंबी धार्मिक यात्रा पूरी कर जिले का नाम रोशन किया। 25 जुलाई को महराजगंज से यात्रा पर निकले दोनों युवा गुरुवार को गंगाजल के साथ वापस जनपद पहुंचे। सक्सेना तिराहे पर उनका स्वागत किया गया।दोनों युवाओं की मेहनत, साहस और लगन की लोगों ने सराहना की। सैकड़ों किलोमीटर की दूरी स्केटिंग के जरिए तय करना निश्चित रूप से उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति और खेल प्रतिभा को दर्शाता है। हालांकि, स्वागत समारोह के दौरान स्थानीय राजनीति को लेकर भी चर्चाएं सामने आईं।सवाल उठे कि प्रतिभावान युवाओं को उनकी यात्रा और तैयारी के दौरान कितना सहयोग, मार्गदर्शन अथवा संसाधन उपलब्ध कराया गया। उपलब्धि हासिल करने के बाद स्वागत और सम्मान तो हुआ, लेकिन क्या ऐसी प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए इससे पहले भी कोई ठोस प्रयास किए जाते हैं?जिले में खेल और अन्य क्षेत्रों में कई युवा सीमित संसाधनों के बावजूद अपनी प्रतिभा के दम पर आगे बढ़ने का प्रयास कर रहे हैं। ऐसे में जरूरत केवल सम्मान समारोह तक सीमित रहने की नहीं, बल्कि युवाओं को बेहतर प्रशिक्षण, खेल सुविधाएं, संसाधन और आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराने की है।स्वागत समारोह में मौजूद नेताओं ने दोनों युवाओं के साहस और लगन को प्रेरणादायक बताया। यह पहल युवाओं का उत्साह बढ़ाने वाली है, लेकिन यदि जनप्रतिनिधि और स्थानीय संगठन ऐसी प्रतिभाओं की उपलब्धि से पहले भी उनके साथ खड़े हों और आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराएं तो इसका प्रभाव और व्यापक हो सकता है।रितेश और शिवशंकर की उपलब्धि पूरी तरह उनकी मेहनत और हौसले का परिणाम है। ऐसे में स्वागत समारोह के साथ यह सवाल भी महत्वपूर्ण है कि जिले के युवाओं की प्रतिभा को केवल उपलब्धि के बाद मंच मिलेगा या उन्हें मंजिल तक पहुंचने से पहले भी सहयोग और अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।




